प्रेम से सजा हैं ये दिन कैसे कटे भाई तेरे बिन Prem se sajaa hai ye din kaise kate bhai tere bin

थाल सजा कर बैठी हूँ अँगना
तू आजा अब इंतजार नहीं करना
मत डर अब तू इस दुनियाँ से
लड़ने खड़ी हैं तेरी बहन सबसे..

हैप्पी भाई-दूज!

************************



खुशियों की शहनाई आँगन में बजे
मेरे भाई के द्वारा सदा दीपक से सजे
न हो कोई दुःख उसके जीवन में
बस कृपा हो तेरी भगवन सदा जीवन में..

हैप्पी भाई-दूज!

************************

बहन लगाती तिलक, फिर मिठाई है खिलाती;
भाई देता पैसे और बहन है मुस्कुराती;
भाई-बहन का ये रिश्ता न पड़े कभी लूज
मेरे प्यारे भैया मुबारक हो आपको भाई दूज।

हैप्पी भाई-दूज!

************************

प्रेम से सजा हैं ये दिन
कैसे कटे भाई तेरे बिन
अब ये मुस्कान बोझ सी लगती हैं
तू आजा अब ये सजा नहीं कटती हैं..

हैप्पी भाई-दूज!

एक टिप्पणी भेजें

© Copyright 2013-2017 - Hindi Blog - ALL RIGHTS RESERVED - POWERED BYBLOGGER.COM